जब अपने मिल जाते हैं खुशी से मन इतराता है। छलक जाते है आँसू पुरानी यादें आने पर। खुशी के वो सारे पल सामने आने लगते है। और हम खो जाते हैं उन बीते हुए दिनों में।। भूलकर भी भूलता… Read More
जब अपने मिल जाते हैं खुशी से मन इतराता है। छलक जाते है आँसू पुरानी यादें आने पर। खुशी के वो सारे पल सामने आने लगते है। और हम खो जाते हैं उन बीते हुए दिनों में।। भूलकर भी भूलता… Read More
किसी को जज़्बात, जता कर भी क्या करते यूं बिखरे अरमान, सजा कर भी क्या करते यारों न थी उन्हें मंज़ूर जब मोहब्बत हमारी, तो खामखा दिल को, सता कर भी क्या करते उनको तो चाहिए थीं यूं ही बरबादियाँ… Read More
औरत मात्र तन नहीं, एक मन भी होती है। जिसके मन के समंदर में, तैरती है सपनों की नाव। जो चाहती है पाना अपने, खोये हुए वजूद को। दिखाना चाहती है अपने, अंदर छिपी प्रतिभाओं को। महसूस कराना चाहती है,… Read More
खामोशी हृदय की एक अवस्था और परिस्थिति की एक मांग भी होती है। कभी कभी खामोशी वो भी कह देती जो शोर नहीं कह पाता। खामोशियों की भी अपनी जबान होती है जो हर किसी को समझ नहीं आती। कभी… Read More
आगे निकलने की होड़ छोड़ मिलकर कदम बढ़ाओ बदलो न रास्ता मुश्किल में देख बन दुख में साथी दूसरों की हिम्मत बँधाओ घर, बाहर बहू -बेटी, महसूस सुरक्षित करें हो न शोषण मिले सम्मान ऐसा तुम संसार बसाओ। हो न… Read More
करते जो खुद पर विश्वास रचते वे ही नया इतिहास… बिना फल की इच्छा करे कर्मों पर हो अटल विश्वास धरती ही नहीं अंबर छू लेने का जिनके मन में बुलंद अहसास रचते वे ही नया इतिहास… छोड़ उम्मीद दूसरों… Read More
कवि क़भी मरता नहीं हैं जिंदा रहता हैं हमेशा हरदम हरपल हर समय, तब तक जब तक यह सृष्टि रहतीं हैं, और रहता हैं बुद्धि विवेक समझ का राज्य प्रेम सौहार्द्र का वातावरण, तब तक रहता हैं जिंदा कवि लोगों… Read More
जिस धरती पर लेकर के जनम ईश्वर भी हैं हर्षित होते जहाँ अपनी लीला करने को हैं देवता आकर्षित होते जहाँ नदियों का पावन संगम जहाँ सागर गाते हैं सरगम जहाँ पर प्रकृति पूजी जाती जहाँ पत्थर में भी मिलें… Read More
खुद पर ही खुद के फैसले,अब भारी हो गए कल तलक था सब कुछ,अब भिखारी हो गए बदल गया है दुनिया का चलन कितना यारों, कभी थे जो शिकार खुद अब शिकारी हो गए क्या याद करना अब उन गुज़रे… Read More
कभी गमों के साये में जिये तो कभी खुशी के महौल में। जिंदगी को जीने के कई नये-नये तरीके मिले। बदलते मौसम के साथ हम भी जीने लगे। और इरादे भी समयानुसार हम भी बदलने लगे।। भले ही ये सब… Read More