आज फिर प्रकट होओ भगवान आज फिर प्रकट होओ भगवान कृषकों पर आफत की आँधी ग्वालपाल परेशान आज फिर प्रकट होओ भगवान आज फिर प्रकट होओ भगवान जिधर देखिए उधर आजकल चीरहरण होता है कौरव का दल हँसे ठठाकर पाँडव-दल… Read More
आज फिर प्रकट होओ भगवान आज फिर प्रकट होओ भगवान कृषकों पर आफत की आँधी ग्वालपाल परेशान आज फिर प्रकट होओ भगवान आज फिर प्रकट होओ भगवान जिधर देखिए उधर आजकल चीरहरण होता है कौरव का दल हँसे ठठाकर पाँडव-दल… Read More
दो गज ही सही मेरी मिल्कियत तो है। ऐ मौत तूने मुझे जमींदार कर दिया। इंदौर की धरती और अदब आज उदास है, रेख़्ता मायूसी से घिरा हुआ है, हिंदवी अपनी गंगा जमुनी विरासत को सहेजने सहेजते असहज सी हो… Read More
साभार : Jashn-e-Rekhta +10
दूर करने को सभी विपदा कहीं से आ जाएं खो चुकी जो धरा सम्पदा देने कहीं से आ जाएं साध कर जियें अपना जीवन जिसकी तरह सभी जग को तारने वाले वो कृष्णा कहीं से आ जाएं, चेतना में आज… Read More
साइनबोर्ड पेंटर से टॉप सांग राइटर तक राहत इंदौरी कोई व्यक्ति अपनी मेहनत, प्रतिभा और हौसले से अपनी हैसियत कैसे बदल सकता है उसका एक बेहतरीन उदाहरण गीतकार डॉ. राहत इंदौरी हैं। वे एक साइनबोर्ड पेंटर से कॉलेज के अध्यापक… Read More
हे कृष्ण, आपके जन्मते ही, जेल के ताले खुल गये, आप को जहां पहुँचना था आप पहुंच गये, पूतना बध,कालिया मर्दन व कंस शमन आपने बखूबी किया, तत्कालीन समाज को भय मुक्त किया, आज भी लोग जेल तोड़ते हैं, या… Read More
कितना पावन दिन आया है। सबके मन को बहुत भाया है। कंस का अंत करने वाले ने, आज जन्म जो लिया है। जिसको कहते है, जन्माष्टमी।। काली अंधेरी रात में नारायण लेते। देवकी की कोख से जन्म। जिन्हें प्यार… Read More
रूप बड़ा प्यारा है, चेहरा बड़ा निराला है बड़ी से बड़ी मुसीबत को कन्हैया जी ने पल भर में हल कर डाला है!! मुरली मनोहर ब्रिज के धरोहर वह नंदलाल गोपाला है, बंसी की धुन पर सब दुख हरनेवाला मुरली… Read More
नौ अगस्त उन्नीस सौ पच्चीस, काकोरी रेलवे स्टेशन, जैसे ही चली सहारनपुर पैसेंजर, हुई चेनपुलिंग, रुकते ही ट्रेन गार्ड को क्रांतिकारियों ने लिया कब्जे में, लूटना था सरकारी खजाना, हड़बड़ी में निरुद्देश्य चल गयी माउज़र, मरा एक रेल पैसेंजर, लोग… Read More
तुझसे मेरा दूर रहना, तेरे बगैर हमारा जीना, तुझसे कभी ना रूठना, तेरी यादों को समेटे रखना, यही इश्क़ की परिभाषा है। तेरे लिए आहें भरना, तुझे हर पल याद करना, तुझसे शिकायत ना करना, तेरी नफ़रत कुबूल करना, यही… Read More