क्या है…? मेरे अंदर छिपाने का बाल्य काल से ही मैं नंगा था, पुस्तकों में मस्तक लगाके ढ़ूँढ़ता था, मैं अपने आपको, आंतरिक दुनिया में, कौन हूँ मैं आखिर…? विचार कई थे मेरे, चक्कर काटने लगे, पागल था मैं, पुस्तकालय… Read More
क्या है…? मेरे अंदर छिपाने का बाल्य काल से ही मैं नंगा था, पुस्तकों में मस्तक लगाके ढ़ूँढ़ता था, मैं अपने आपको, आंतरिक दुनिया में, कौन हूँ मैं आखिर…? विचार कई थे मेरे, चक्कर काटने लगे, पागल था मैं, पुस्तकालय… Read More
बहुत संसार को देखा और बहुत इसको सुना। जमाने की हर बातों का बहुत मंथन भी किया। मैं अपने बातों को भी इस जमनो को दे सका। और लोगों की सोच को कुछ हद तक बदल सका।। विधाता ने जमाने… Read More
आओ हम सब, मिलकर मनाएं होली। अपनों को स्नेह प्यार का, रंग लगाये हम। चारो ओर होली का रंग, और अपने संग है। तो क्यों न एकदूजे को, रंग लगाए हम। आओ मिलकर मनाये, रंगो की होली हम।। राधा का… Read More
रंगो का त्यौहार है फूलो की बरसात है जीवन में उमंगो को जगाने रंग रसिया आया मेरे द्वार है।। ओ रंग रसिया तुम्हे कैसे रंग लगाए और कैसे खेले होली? स्नेह बेशुमार है, सात रंगों की फूआर है प्रेम मोहब्बत… Read More
“सूट पहन के , लगा के चश्मा कहाँ चले ओ मतवाले , गिटपिट इंग्लिश बोल रहे हो हिंदी की गले में तख्ती डाले” मैंने यूँ ही पूछा? “चले हम फीजी ,हिंदी के लिये जल मत ओ बुरी नजर वाले पूछा… Read More
गया था आज उनके घर पूछने हाल चाल उनका। मगर थे नहीं घर पर वो इसलिए लिख आया पर्ची पर। जब आयेंगे वो घर पर तो पड़ लेंगे मेरी चिट्ठी। और मिलकर या लिखकर बताता देंगे अपना हालचाल।। मिला है… Read More
दिलमें दीपक जल उठे देख तुझे फिर से। लौटा हूँ अपने घर जो वर्षो के बाद। हाल तेरा मैं कैसे पूंछू बात करने से डरता हूँ। कहने सुनने के लिए नहीं बचा है अब कुछ।। मन की बातें मन ही… Read More
तो हस्तिनापुर के समीप इंद्रप्रस्थ जो कि अब दिल्ली के नाम से जाना जाता है , यही मेरे व्यंग्य का खांडव वन रहा है ।अब व्यंग्य के कई अर्जुन मेरे इस खांडव वन अर्थात व्यंग्य लोक को जलाने पर आतुर… Read More
लिख तूँ लिख, सबकी सच्चाई लिख। सच लिखने में डरना मत, असली बकने में झिझकना मत। बेईमान तोय दबायेंगे, तूँ हरहाल में दबना मत। मौत से कभी डरना मत, काय मौत के बाद, फिर से जनम मिलता है। ईसें यी… Read More
अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद देश भर में छात्रों के हितों की बात करता रहा है। परिषद लगातार छात्र हितों के लिए प्रयासरत है। विद्यार्थी परिषद का मुख्य उद्देश्य समाज में सामाजिक सौहार्द तथा भाईचारे को बढ़ावा देने के लिए प्रयासरत… Read More