वो जन्नत सा सुख कहाँ इस जग में , है जो माँ तेरी गोद में …. जब से मैने आँखें खोली , पाया खुद को तेरी झोली में , इस मखमली कोमल बिछावन में , वो चैन की नींद कहाँ… Read More
वो जन्नत सा सुख कहाँ इस जग में , है जो माँ तेरी गोद में …. जब से मैने आँखें खोली , पाया खुद को तेरी झोली में , इस मखमली कोमल बिछावन में , वो चैन की नींद कहाँ… Read More
यूं कुदरत को रंग दिखाना भी ज़रूरी था ! आदमी की औकात बताना भी ज़रूरी था ! खुद को ही समझ बैठा था वो दूसरा खुदा, उसको असलियत दिखाना भी ज़रूरी था ! किस कदर सताया है इस ज़माने ने… Read More
यारो क्यों जान अपनी, लुटाने पे तुले हो क्यों अपने साथ सबको, मिटाने पे तुले हो तुम खूब जानते हो करोना की विभीषिका, फिर क्यों इसकी आफतें, बढ़ाने पे तुले हो न खेलो खेल ऐसा कि बन आये जान पर,… Read More
लोग अब रिश्तों का, अर्थ भूल गये हैं। क्या होते है रिश्ते, समझने से क्या फायदा। कितनी आत्मीयता होती थी, भारतीयों के दिलों में। अब तो एक दूसरे से, आंखे मिलाने से डरते है।। कौन किस का क्या है, सोचने… Read More
June 09, 2020 टिड्डी हमला, कोरोना हमला, सरकारी हमला, नेपाल-भारत हमला, चीन-भारत व अमेरिकी हमला,अम्फान हमला, निसर्ग हमला, जॉर्ज फ्लॉयड पर हमला, हमला दर हमला, भूख-प्यास पर हमला, मानवता पर हमला, हथिनी पर हमला, टेलीविज़न पर हमला, चारों दिशाओं में… Read More
कटती नहीं उम्र, अब तेरे बिना। मुझ को किसी से मानो, प्यार हो गया। जिंदगी की गाड़ी अकेले, अब चलती नहीं। एक साथी की जरूरत, मुझे अब आ पड़ी।। मिलना मिलाना जिंदगी का, दस्तूर है लोगों। खिल जाता है दिल… Read More
वो परदेशी जाना नहीं, मेरा गांव बहुत ही प्यारा है। गांव का नाम है, प्रेम नगर, और मेरा नाम भी प्यारा है॥-2 वो परदेसी जाना नहीं …… गांव की मेरी हर बात निराली है, मिश्री से मीठा कुंवे का पानी… Read More
आत्मा कराह उठती है, जब सोचता हूँ, जॉर्ज फ्लॉयड के अंतिम शब्द “आई कांट ब्रीथ”! “आई कांट ब्रीथ”! मैं श्वास नहीं ले पा रहा हूँ, माँ ओ माँ, मेरा पेट दुख रहा है, मेरी गर्दन दुख रही है, सब दुख… Read More
“तुम्हारा अहसान रहेगा हमपर भोला ।” सामने सोफे पर बैठे शख्स से एक नवजात बच्चे को गोद में लेते हुए वो महिला बोली । इस पर भोला कुछ बोलना तो चाहता था लेकिन बोल उसके गले में ही अटक कर… Read More
मेरे ख्वाबों का यारो, कुछ भरम तो रहने दो लूट लो सब कुछ, ईमानो धरम तो रहने दो खंडहरों को देख कर न उड़ाइये मेरी खिल्ली, मुझको मेरे वजूद का, कुछ वहम तो रहने दो मोहब्बत मेरी दौलत है बस… Read More