बदलते मौसम का अंदाज बहुत ही रंग लाता है। फिर पूरे वायु मंडल में घटायओं को बिखेर देते। तभी तो पेड़ पौधे फूल सभी लहरा उठते है। और मंद मंद हवाओं से बिखेर देते है खुशबू को।। नजारा देख ये… Read More
बदलते मौसम का अंदाज बहुत ही रंग लाता है। फिर पूरे वायु मंडल में घटायओं को बिखेर देते। तभी तो पेड़ पौधे फूल सभी लहरा उठते है। और मंद मंद हवाओं से बिखेर देते है खुशबू को।। नजारा देख ये… Read More
तेरे हाव भाव देखकर मेरा दिल डोल रहा है। और तेरी आँखो में स्वयं को देख रहा।। इसलिए दिल के अंदर अजीब सी बेचैनी है। समझ में हम लोगों को क्या कुछ आ रहा। या फिर जवानी में ये सब… Read More
हर पल खुलकर जीना है, खुशियां और कहीं ना है, औरों की सुनना छोड़ दे, तू खुदमे एक नगीना है। तुझे ना मिलने का गिला भी है, जो चाहिए था वो मिला भी है, रहता है सुकून से झोपड़ी मे,… Read More
फैलें दुनिया में निर्मल संघ सत्य की खोज़ें जारी रहें अंगुली मालों को बदलने की शक्ति हर बुद्ध के अधीन में आ जावें निकलें हर दिल से सुख विचार शांति दें संसार को सत्संग विहार, मंटप हों जहाँ-तहाँ मिले लोग… Read More
तलवार से अगर जीत मिलता तो सबके हाथों में तलवार होते हैं, मनुष्य नहीं, हर जगह हिंस जंतु रहेंगे। छीनना, झपटना, स्वार्थ का रूप है हिंसा कभी भी स्वीकार्य नहीं है ‘विजय’ तलवार व बंदूक से कभी भी नहीं हो… Read More
चलते हैं लोग दुनिया में कभी तेज, कभी चुस्त कभी सीमाओं के अंदर, कभी सीमाओं को पारकर जो अंधेरे में होते हैं, कोई सहारा नहीं जिसका वे चलते हैं धीरे – धीरे, सब लोग चलते हैं रोशनी में लेकिन बहुत… Read More
मंजिल दूर और सफ़र बहुत है छोटी सी जिन्दगी की फिकर बहुत है मार डालती ये दुनिया कब की हमे लेकिन पापा के प्यार में असर बहुत है +30
तनहाई का आलम, बड़ा ही सुहाना था… कुछ उनकी याद थी, बाकी बारिश का जमाना था। 00
आज के दो महत्व्पूर्ण व्यवसाय कि जीवनशैली और उसके परिणाम को भारतीय पृष्ठ भूमि में तुलनात्मक अभिव्यक्ति जो समाज के नौजवान के लिये ख़ासा विस्मयकारी सन्देश देती है दो विपरीत पृष्ट भूमि के व्यक्तियों कि मित्रता जीवन के प्रारम्भ से… Read More
अनुपमा अरबिंद कि दूसरी पत्नी जिसे अरबिंद की पहली पत्नी के पुत्र विनम्र से कोई आत्मीय लगाव नहीं है उसका विश्वास है कि विनम्र के रगों में उसके पति का तो लहू प्रवाहित हो रहा है मगर साथ ही साथ… Read More