दिल की गैहराईयों, से मुझे देखो। सामने में नजर आऊंगा। चाँद को पाने के लिए, कही भी आ जाऊंगा। बस दिलसे एक बार, आवाज़ दो हमें। मैं खुद तुम्हारे समाने, हाजिर हो जाऊंगा।। न हम गलत है, और न हमारी… Read More
दिल की गैहराईयों, से मुझे देखो। सामने में नजर आऊंगा। चाँद को पाने के लिए, कही भी आ जाऊंगा। बस दिलसे एक बार, आवाज़ दो हमें। मैं खुद तुम्हारे समाने, हाजिर हो जाऊंगा।। न हम गलत है, और न हमारी… Read More
वरुण को अचानक एक रात 6-7 लड़कों ने घेर कर बुरी तरह चोटिल कर दिया था। उनके हाथों में तलवारें थीं जिनके वार से वरुण का हाथ लगभग अपनी बाँह से कट सा गया था। वरुण उस रात देर तक… Read More
आज घर का माहौल, बदला-2 सा दिख रहा है। घर में कोई तूफान, सा छा गया है। यह मुझे घर का, माहौल बता रहा है। और प्रिये तेरी नजरो में, भी मुझे नजर आ रहा है। लगता है पूरी रात,… Read More
आज के ही दिन ठीक दो साल पहले भगवान महाकाल और सती के परम् भक्त राजा विक्रमादित्य की नगरी में अपुन मौजूद थे। दो साल पहले की इस घटना को यात्रा वृतांत या कहें संस्मरण का रूप देने का प्रथम… Read More
“तुलसी बुरा ना मानिए जौ गंवार कहि जाय जैसे घर का नरदहा भला बुरा बहि जाय “ अर्थात बाबा तुलसीदास कहते हैं कि गंवार व्यक्ति की कही गयी कड़वी बात का बुरा नहीं मानना चाहिए , जिस प्रकार घर की… Read More
मिजाज कुछ बदला-2 सा, नजर आ रहा है। मानो दिल में कोई, तूफान सा छा रहा है। जो तेरी नजरो में, मुझे नजर आ रहा है। लगता है पूरी रात, तुम सोये नही हो। तभी तो चेहरा मुरझाया हुआ आज… Read More
दिलके इतने करीब हो, फिर भी मुझसे दूर हो। कुछ तो है तेरे दिल में, जो कह नही पा रही हो। या मेरी बातें या मैं तेरे को, अब समझ आ नही रहा। तभी तो मुझ से दूरियां, तुम बनाती… Read More
दो महीने हो गये। शांति देवी की हालत में कुछ भी सुधार ना हुआ। पुरुषोत्तम बाबू को उनके मित्रों और रिश्तेदारों ने सुझाव दिया कि एक बार अपनी पत्नी को मनोचिकित्सक से दिखवा लें। पुरुषोत्तम बाबू को सुझाव सही लगा।… Read More
हिंदी का हित/अहित करती हिंदी संस्थाएं प्रत्येक हिंदी सेवी संस्था दम भरती है कि एक वही संस्था है जो हिंदी के लिये पूर्णत: और सत्य के अंतिम छोर तक समर्पित है, बाकी की संस्थाएं तो हिंदी के नाम पर पैसा… Read More
गुरु शिष्य का हो, मिलन यहां पर, फिर से दोवारा। यही प्रार्थना है हमारा। यही प्रार्थना है हमारा।। गुरु चाहते है, कि शिष्य को, मिले वो सब कुछ। जो में हासिल, कर न सका, अपने जीवन में। वो शिष्य हमारा,… Read More